हल्का लेखपाल पर लगा घूस लेने का आरोप,
बिना उच्चाधिकारियों के आदेश के नक्शे में कर दी छेड़छाड़,
पूर्व में भी लेखपाल रह चुका है चर्चा में भ्रष्टाचार के लग चुके हैं आरोप,
यामीन विकट
कस्बा भोजपुर धर्मपुर के पीड़ितो ने जिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र देकर आरोप लगाया है। कि हल्का लेखपाल ने खद्दर बाजार भोजपुर धर्मपुर निवासी दबंगो से मोटा मुनाफा लेकर गाटा संख्या 829 का 828 के नक्शे में परिवर्तन कर दिया। जबकि गाटा संख्या 828 में रास्ता बनवा दिया है तथा संबंधित मानचित्र में रास्ता निर्धारित नही है जो कि गाटा संख्या 829 में तालाब है। इस पर पीड़ित पक्ष जमीदारों के जमाने से ही सिंघाड़े आदि डालकर अपने परिवार का पालन पोषण करते चले आए हैं।
जो आज भी उक्त भूमि पर मछली पालन व सिंगाड़े आदि डालकर उक्त भूमि की देखभाल कर रहे हैं। बराबर के दबंग खातेदार निवासी खद्दर बाजार नगर पंचायत भोजपुर से हमसाज होकर हल्का लेखपाल ने सर्वप्रथम राजस्व अभिलेख अभिलेखागार मुरादाबाद में सुरक्षित रखें मानचित्र में चोरी से कर्मचारियों को धोखा देकर उक्त गाटा संख्या 829 में 828 में संशोधन कर दिया तथा उक्त फर्जी व चार सौ बीसी से किए गए मानचित्र के संशोधन के आधार पर लेखपाल हल्का वर्तमान द्वारा दबंगों से हमसाज होकर नापतोलकर 828 का रास्ता 829 में बनाकर मुख्य मार्ग से मिलाया जा रहा है जबकि राजस्व अभिलेख अभिलेखागार के नक्शे में अलग से रास्ता बनाए जाने का संकेत स्पष्ट है। तथा क्षेत्र की जनता में लेखपाल के प्रति आक्रोश व्याप्त है साथ ही लेखपाल ने अधिक लाभ कमाकर नक्शे में छेड़छाड़ की है तथा नक्शे में परिवर्तन कर लेखपाल ने पीड़ितो को हानि पहुचाई है। क्योंकि दबंग जबरन प्रार्थीगण की गाटा संख्या 829 में रास्ता बनाकर प्रयोग कर रहे हैं।
जबकि राजस्व अभिलेखागार से प्राप्त मानचित्र 13/6/2024 में विवादित स्थान गाटा संख्या को मानचित्र में सिंक अंकित किया गया है तथा फर्जी तौर पर नक्शे में दर्शाये गए रास्ते को लाल स्याही से गोल दायरे में चिन्हित कर चिड़िया काट दी गई है जबकि यह भी उल्लेखनीय है कि नगर पंचायत भोजपुर धर्मपुर के कार्यालय में उपलब्ध मानचित्र में भी उक्त नंबर 829 में कोई रास्ता नहीं है वर्ष 2013 व वर्ष 2015 व वर्ष 2018 में भी राजस्व अभिलेखागार से प्राप्त नकल मानचित्र में उक्त संशोधन नहीं है जिससे स्पष्ट है कि अनुचित लाभ लेकर वर्तमान लेखपाल ने अपने गलत कार्यों में घुस प्राप्त कर के नक्शे में फेरबदल किया है जबकि हल्का लेखपाल पहले भी घूस लेने में चर्चित रहा है।
पीड़ितों ने जिलाधिकारी से गुहार लगाकर पूर्व की भांति नक्शे को दुरुस्त कराने की मांग की है की गाटा संख्या 828 में 829 के संबंध जांच कराकर राजस्व अभिलेखागार में उपलब्ध नक्शे को दुरुस्त कराने और हल्का लेखपाल पर उच्च अधिकारियों से जांच कराकर कार्यवाही की जाए। पीड़ितो में नन्ही देवी, मुन्नी देवी, कमलेश देवी, नवरंग, इंद्रपाल सिंह, निरंजन सिंह आदि शामिल हैं।