काशीपुर चैती मेले में रिकॉर्ड तोड़ राजस्व एसडीएम अभय सिंह के कुशल प्रबंधन से माँ बाल सुन्दरी मेले के टेंडरों में भारी उछाल
अज़हर मलिक
काशीपुर के ऐतिहासिक और सुप्रसिद्ध श्री चैती मेला माँ बाल सुन्दरी के आयोजन को लेकर इस बार प्रशासन ने सफलता के नए प्रतिमान स्थापित किए हैं, जिसमें उपजिलाधिकारी (एसडीएम) अभय सिंह की दूरदर्शिता और कड़क कार्यशैली का स्पष्ट प्रभाव देखने को मिला है। वर्ष 2026 के लिए संपन्न हुई टेंडर प्रक्रिया के आंकड़ों ने पिछले सभी रिकॉर्ड ध्वस्त कर दिए हैं,
जहाँ कुल टेंडर राशि पिछले वर्ष के 4,21,31,786 रुपये से बढ़कर अब 4,70,40,606 रुपये के जादुई आंकड़े तक पहुँच गई है। यह लगभग 49 लाख रुपये से अधिक की राजस्व वृद्धि न केवल सरकारी खजाने के लिए लाभकारी है, बल्कि एसडीएम अभय सिंह द्वारा मेले के बुनियादी ढांचे और व्यवस्थाओं में किए गए रणनीतिक सुधारों का जीवंत प्रमाण भी है। विशेष रूप से ‘दुकानें एवं तहबाजारी’ के क्षेत्र में हुई भारी बढ़ोतरी, जो 2,21,00,000 से छलांग लगाकर 2,63,55,932 रुपये तक जा पहुँची है, यह दर्शाती है कि व्यापारियों का भरोसा वर्तमान प्रशासन की पारदर्शी नीतियों पर अडिग है। झूला तमाशा और पार्किंग जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में भी क्रमशः 1,72,51,111 और 18,21,786 रुपये की प्राप्तियां दर्ज की गई हैं, जो एसडीएम अभय सिंह के कुशल नेतृत्व और सूक्ष्म नियोजन की सफलता को रेखांकित करती हैं।
दिलचस्प बात यह है कि जहाँ अन्य मदों में राजस्व बढ़ा है, वहीं ‘विद्युत व साउण्ड’ के टेंडर को 16,11,777 रुपये में सफलतापूर्वक संपन्न कराकर लागत प्रबंधन की एक उत्कृष्ट मिसाल पेश की गई है। काशीपुर एसडीएम की इस कर्तव्यनिष्ठा और विकासपरक सोच ने चैती मेले की भव्यता को एक नई ऊंचाई प्रदान की है, जिससे यह सिद्ध होता है कि यदि नेतृत्व ईमानदार और दृढ़निश्चयी हो, तो परंपराओं के निर्वहन के साथ-साथ विकास के नए आयाम भी गढ़े जा सकते हैं।