उत्तराखंड के जंगलों में डिजिटल क्रांति अब सफारी के लिए ऑनलाइन परमिट
सलीम अहमद साहिल
Forest department : उत्तराखंड के घने जंगल, दुर्लभ वन्यजीव, और प्राकृतिक सुंदरता हर साल लाखों पर्यटकों को अपनी ओर खींचते हैं। देश-विदेश से आने वाले सैलानी यहां के हरे-भरे जंगलों और शांत वातावरण में खो जाते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं, इस खूबसूरत अनुभव के पीछे पर्यटकों को परमिट लेने में कितनी मुश्किलें होती थीं? एजेंटों की मनमानी, फर्जी परमिट, और धोखाधड़ी जैसी समस्याएं सैलानियों के लिए परेशानी का कारण बनती थीं।
पर अब, इन सभी मुश्किलों को खत्म करने के लिए तराई पश्चिमी डिवीजन के डीएफओ प्रकाश चंद्र आर्य ने एक नई ऑनलाइन वेबसाइट लॉन्च की है। यह वेबसाइट पर्यटकों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है। अब जंगल सफारी के लिए न तो आपको एजेंट की जरूरत पड़ेगी, न ही घंटों लाइन में खड़े रहना होगा। सिर्फ एक क्लिक में आप घर बैठे ऑनलाइन परमिट बुक कर सकते हैं।
डीएफओ प्रकाश चंद्र आर्य ने बताया कि उत्तराखंड के लगभग सभी जंगल जोन पहले से ही ऑनलाइन हो चुके थे। लेकिन मंत्र फोटो जोन, जो अपने हाथी सफारी के लिए मशहूर है, अभी तक ऑनलाइन नहीं था। अब इसे भी डिजिटल प्लेटफॉर्म पर लाकर उत्तराखंड के जंगलों को पूरी तरह से पारदर्शी बना दिया गया है। यह कदम न केवल पर्यटकों के लिए सहूलियत लेकर आएगा, बल्कि सरकार के राजस्व में भी इजाफा करेगा।
तो अगर आप भी उत्तराखंड के जंगलों की खूबसूरती का आनंद लेना चाहते हैं, तो देर मत कीजिए। अपनी सफारी का परमिट अब ऑनलाइन बुक करें और इस अद्भुत अनुभव का हिस्सा बनें।