पहियों तले कुचल रहे नियम,जिम्मेदारों की अनदेखी, बेखौफ चालक रामनगर में ये कैसा मौत का सफर
अज़हर मलिक
Ramnagar News : नियम भी है और उनके क्रियान्वयन की व्यवस्था भी तथा इन्हें लागू करवाने वाले भी है, लेकिन कमी है, तो मात्र अधिकारियों की कार्यशैली व इच्छाशक्ति में। जिससे बस हो या टैक्सी अथवा ट्रक, पिकअप व मालवाहक वाहन, सरपट ओवरलोड दौड़ रहे है। परिवहन व पुलिस की सख्ती के बावजूद नियमों को दरकिनार करने वालों की कमी नहीं है। प्रतिदिन दौड़ते ओवरलोड वाहन दुर्घटनाओं को न्यौता दे रहे है। गौरतलब है की उसके बावजूद भी परिवहन विभाग के अधिकारी कोई ठोस कार्रवाई करने को तैयार नहीं।
रामनगर शहर के बस स्टैंडों से इन दिनों बेखौफ सवारी बसों का संचालन नियमों को ताक पर रखकर किया जा रहा है। जिम्मेदार भी हादसे के समय जागकर कुछ दिन कार्रवाई का दिखावा करते है, स्थिति फिर जस की तस बन जाती है। कई बसों में हालात ऐसे नजर आते है कि सवारी को खड़े रहने की जगह नहीं होने पर भी ठूंस-ठूंस कर खड़े किया जाता है।
यह नजारा आए दिन रामनगर की सड़कों पर आसानी से दिखाई दे जाएगा परिवहन विभाग की गाड़ी भी सड़कों पर घूमती हुई दिखाई दे जाएगी लेकिन अपने पहिए के नीचे नियमों को कुचलने वाले वाहनों पर कोई ठोस कार्रवाई परिवहन के अधिकारी कर सकें ऐसी उन के अंदर हिमाकत नहीं,
आए दिन रामनगर क्षेत्र में सड़क हादसे बढ़ते जा रहे हैं और लोगों के घर भी उजड़ते जा रहे है, खैर किसी के परिवार के दर्द से परिवहन विभाग के अधिकारियों को कोई हमदर्दी नहीं है। और सरकार से जिस काम की तनख्वाह जिम्मेदार अधिकारी लेते हैं उस फर्ज के प्रति भी वफादार नहीं,
जानकारी के अनुसार कुछ गाड़ियां तो परिवहन विभाग द्वारा रोकी जाती हैं लेकिन जब वहां स्वामी सिस्टम का नाम लेता है तो उन वाहनों को छोड़ दिये जाते हैं अब ये सिस्टम क्या है इससे तो अभी हम वाकिफ नहीं हैं पर रामनगर में स्थित परिवहन विभाग के कार्यालय में बीते दिनों भी रिश्वत लेते हुए एक कर्मचारी के रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया था। तो शायद सिस्टम एक रिश्वत का शॉर्टकट नाम है।
इतना ही नहीं मिली जानकारी के अनुसार ड्राइविंग लाइसेंस और फिटनेस की गाड़ियों पर भी दलालों के साथ कुछ खेल खेला जाता है। पर वह खेल क्या है उसके अभी हमारे पास कोई ठोस जानकारी नहीं इसलिए हम उसको प्रकाशित भी नहीं कर रहे है, पर बहुत जल्द किस तरीके से मौत के मुंह में बिठाकर नोनिहालों को स्कूल छोड़ जाता है और फिर स्कूल से घर छोड़ा जाता और परिवहन विभाग की इस पर अनदेखी हैं। लाइसेंस फिटनेस के बारे में आपके बीच पूरी जानकारी लेकर आएंगे।