बिंदुखत्ता में आर-पार की जंग! राजस्व गांव के मुद्दे पर फूटा जनता का आक्रोश, 11 जनवरी को महा-आंदोलन का शंखनाद
मुकेश कुमार
लालकुआँ के बिंदुखत्ता को राजस्व गांव घोषित करने की वर्षों पुरानी मांग अब एक निर्णायक मोड़ पर पहुंच गई है और शासन-प्रशासन की लगातार अनदेखी से आक्रोशित ग्रामीणों ने अब सरकार के खिलाफ आर-पार की लड़ाई का मन बना लिया है। आज कार रोड स्थित चौराहे पर ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष पुष्कर दानू के नेतृत्व में बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं ने प्रदेश सरकार का पुतला फूँककर अपना जबरदस्त विरोध दर्ज कराया और साफ तौर पर कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा बिंदुखत्ता को राजस्व गांव बनाने की घोषणा को अपने संकल्प पत्र से हटाना यहाँ की जनता के साथ एक बहुत बड़ा धोखा और विश्वासघात है।
वक्ताओं ने तीखे शब्दों में चेतावनी दी कि बार-बार आश्वासन मिलने के बाद भी दर्जा न मिलना अब बर्दाश्त से बाहर हो चुका है, जिसके चलते आज की बैठक में सर्वसम्मति से यह फैसला लिया गया है कि आगामी 11 जनवरी को कार रोड पर एक विशाल और निर्णायक बैठक आयोजित कर आंदोलन की अंतिम रणनीति तैयार की जाएगी। यह लड़ाई अब किसी एक दल या नेता की नहीं बल्कि पूरे बिंदुखत्ता के अस्तित्व और भविष्य की लड़ाई बन चुकी है, इसलिए क्षेत्र के सभी वर्गों और आम जनता से अपील की गई है कि वे दलगत राजनीति से ऊपर उठकर एकजुट हों ताकि इस जन आंदोलन के जरिए सोई हुई सरकार को जगाकर अपना हक हासिल किया जा सके।