भीषण जाम के झंझाल में फंसी शहर की रफ्तार, कोहाड़ापीर पर एंबुलेंस फंसने से ट्रैफिक व्यवस्था पर उठे सवाल
शानू कुमार बरेली उत्तर प्रदेश
बरेली शहर में जाम की समस्या अब एक नासूर बनती जा रही है जिससे शहर की जनता पूरी तरह त्रस्त हो चुकी है। पिछले काफी दिनों से शहर के सभी प्रमुख चौराहों पर जाम की स्थिति इतनी बदहाल हो चुकी है कि लोगों का पैदल चलना भी दूभर हो गया है। शहर में लगातार बढ़ते वाहनों के दबाव और अव्यवस्थित ट्रैफिक के कारण हर चौराहे पर घंटों तक वाहन रेंगते नजर आते हैं, जिसका सीधा खामियाजा आम जनता को भुगतना पड़ रहा है।
जाम की यह भयावह तस्वीर शुक्रवार दोपहर करीब 4 बजे कोहाड़ापीर इलाके में भी देखने को मिली, जहाँ जबरदस्त जाम लगने के कारण सैकड़ों लोग फंसे रहे। विचलित करने वाली बात यह रही कि इस भीषण जाम में एक एंबुलेंस भी फंसी दिखाई दी, जिससे प्रशासन के ट्रैफिक सुधार के दावों की पोल खुल गई है। जब जीवन रक्षक एंबुलेंस जैसी इमरजेंसी सेवा भी समय पर नहीं निकल पा रही है, तो आम नागरिक की सुरक्षा और सुविधा का अंदाजा आसानी से लगाया जा सकता है। शहरवासियों का कहना है कि ई-रिक्शा की अनियंत्रित भीड़ और सड़कों पर हो रहे अतिक्रमण ने स्थिति को और गंभीर बना दिया है। ऐसे में अब ट्रैफिक व्यवस्था के जिम्मेदार अधिकारियों को केवल कागजी योजनाएं बनाने के बजाय धरातल पर बेहतर और ठोस प्रयास करने की सख्त जरूरत है। अगर जल्द ही ट्रैफिक पुलिस ने व्यवस्था में सुधार के लिए कड़े कदम नहीं उठाए, तो शहर की जनता को इस नारकीय जाम से निजात मिलना नामुमकिन होगा।




