आयुष्मान कार्ड बनाने में लापरवाही पर डीएम सख्त, 70 वर्ष से अधिक उम्र के सभी लोगों का शत-प्रतिशत कार्ड बनाने के निर्देश, आयुष्मान भारत योजना व संचारी रोग नियंत्रण अभियान की समीक्षा बैठक में पंचायत सचिवों को लक्ष्य तय करने, कैंप लगाने और फॉगिंग-दस्तक अभियान में तेजी लाने के निर्देश
शानू कुमार ब्यूरो उत्तर प्रदेश
बरेली : डीएम अविनाश सिंह की अध्यक्षता में गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार में आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना एवं संचारी रोग नियंत्रण अभियान की समीक्षा बैठक आयोजित हुई। बैठक में आयुष्मान कार्ड बनाने की धीमी प्रगति पर जिलाधिकारी ने नाराजगी जताते हुए संबंधित अधिकारियों को तत्काल सुधार के निर्देश दिए।
डीएम ने जिला पंचायत राज अधिकारी को निर्देशित किया कि सभी ग्राम पंचायतों के पंचायत सचिवों को आयुष्मान कार्ड बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया जाए तथा इसकी नियमित समीक्षा भी सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की प्राथमिकता के अनुरूप 70 वर्ष से अधिक आयु के प्रत्येक पात्र व्यक्ति का शत-प्रतिशत आयुष्मान कार्ड बनाया जाए। इसके लिए ग्राम पंचायत, तहसील और ब्लॉक स्तर पर विशेष शिविर आयोजित किए जाएं, ताकि अधिक से अधिक पात्र लोगों को योजना का लाभ मिल सके।
बैठक में प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के अंतर्गत कुछ ब्लॉकों में पिछले दो माह से कार्य नहीं होने पर भी डीएम ने कड़ी नाराजगी व्यक्त की और संबंधित अधिकारियों को कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने खंड विकास अधिकारियों से अभियान की नियमित निगरानी करने और अपनी जिम्मेदारियों का प्रभावी ढंग से निर्वहन करने को कहा।
संचारी रोग नियंत्रण अभियान की समीक्षा के दौरान कई गांवों में जलभराव की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए डीएम ने तत्काल समाधान के निर्देश दिए। उन्होंने एंटी लार्वा फॉगिंग की धीमी प्रगति पर भी नाराजगी जताई और अभियान में तेजी लाने को कहा।
डीएम ने बताया कि दस्तक अभियान के तहत क्यारा, मुड़ियानवीबक्स और शेरगढ़ क्षेत्रों में आशा कार्यकर्ताओं की डोर-टू-डोर विजिट शून्य प्रतिशत पाई गई है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को आशाओं की शत-प्रतिशत विजिट सुनिश्चित करने तथा सभी गतिविधियों को पोर्टल पर अनिवार्य रूप से दर्ज करने के निर्देश दिए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी देवयानी, सीएमओ डॉ. विश्राम सिंह, जिला पंचायत राज अधिकारी कमल किशोर, जिला विद्यालय निरीक्षक अजीत सिंह, सभी खंड विकास अधिकारी तथा सीएचसी और पीएचसी के चिकित्सक उपस्थित रहे।



