मसूरी में पहली बार दिखा मोर: पहाड़ों की रानी में अनोखी हलचल, वन विभाग भी हैरान
उत्तराखंड की खूबसूरत वादियों में बसे मसूरी शहर में पहली बार ऐसा नजारा देखने को मिला, जिसने लोगों के साथ-साथ वन विभाग को भी हैरान कर दिया। पहाड़ों की रानी मसूरी के आबादी क्षेत्र में पहली बार मोर दिखाई दिया है। कैमल बैक रोड इलाके में अचानक मोर नजर आने के बाद स्थानीय लोगों में उत्साह का माहौल बन गया।
लोगों ने इस दुर्लभ दृश्य को अपने मोबाइल कैमरों में कैद कर लिया। मोर की तस्वीरें और वीडियो अब सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रही हैं।
कैमल बैक इलाके में दिखा मोर
जानकारी के मुताबिक कैमल बैक निवासी मुकेश कुमार राव ने रविवार सुबह अपने घर के पीछे मोर को देखा। पहाड़ी क्षेत्र में मोर को देखकर वह भी हैरान रह गए। उन्होंने तुरंत इसकी तस्वीरें और वीडियो रिकॉर्ड किए।
मसूरी में अब तक गुलदार, काकड़, जंगली सूअर और अन्य वन्यजीव तो दिखाई देते रहे हैं, लेकिन मोर का आबादी वाले इलाके में नजर आना पहली बार हुआ है।
वन विभाग ने बढ़ाई निगरानी
मामले की जानकारी मिलते ही वन विभाग भी सक्रिय हो गया। संबंधित इलाके में निगरानी बढ़ा दी गई है ताकि मोर की गतिविधियों पर नजर रखी जा सके।
प्रभागीय वनाधिकारी अमित कंवर ने बताया कि मसूरी जैसे ऊंचाई वाले क्षेत्र में मोर का दिखना बेहद असामान्य है। उन्होंने कहा कि अब तक मसूरी में कभी मोर दिखाई नहीं दिया था। ऐसे में यह घटना वन विभाग के लिए अध्ययन का विषय बन गई है।
जलवायु परिवर्तन से जोड़ रहे लोग
स्थानीय लोग और प्रकृति प्रेमी इस घटना को जलवायु परिवर्तन और जंगलों के बदलते वातावरण से जोड़कर देख रहे हैं। कुछ लोगों का मानना है कि बदलते मौसम और पर्यावरणीय परिस्थितियों के कारण वन्यजीवों का व्यवहार भी बदल रहा है।
जैव विविधता के लिए सकारात्मक संकेत
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि मोर ने मसूरी के वातावरण को अपनाना शुरू किया है तो यह क्षेत्र की जैव विविधता के लिए सकारात्मक संकेत हो सकता है। हालांकि वन विभाग अभी इस पूरे मामले का वैज्ञानिक अध्ययन करेगा कि आखिर मोर इतनी ऊंचाई वाले पहाड़ी क्षेत्र तक कैसे पहुंचा।
मसूरी में पहली बार मोर के दिखने से स्थानीय लोगों और पर्यटकों के बीच उत्सुकता बढ़ गई है। अब सभी की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि क्या भविष्य में भी पहाड़ों की रानी में मोर दिखाई देंगे या यह केवल एक दुर्लभ संयोग था।



