सलोन तहसील परिसर में खूनी संघर्ष: दिनदहाड़े अधिवक्ता पर जानलेवा हमले से सनसनी, सुरक्षा पर उठे गंभीर सवाल
नरेंद्र त्रिपाठी
रयबरेली जिले की सलोन तहसील परिसर उस वक्त रणक्षेत्र में तब्दील हो गया, जब न्याय के मंदिर कहे जाने वाले इस स्थल पर कानून के रखवाले यानी एक अधिवक्ता पर आधा दर्जन से अधिक दबंगों ने लाठी-डंडों और बेल्टों से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। इस दुस्साहसिक वारदात से वकीलों में हड़कंप मच गया और चारों तरफ अफरा-तफरी का माहौल पैदा हो गया। क्या तहसील परिसर जैसे सुरक्षित माने जाने वाले सार्वजनिक स्थान पर किसी पेशेवर रंजिश या वर्चस्व की लड़ाई का यह खौफनाक अंत है, या फिर खाकी की पकड़ से दूर इन बेखौफ दबंगों के हौसले इतने बुलंद हो चुके हैं कि अब वे दिनदहाड़े किसी की भी जान लेने से नहीं हिचकिचा रहे?
यह पूरा मामला कोतवाली क्षेत्र के सलोन तहसील परिसर का है, जहां घायल अधिवक्ता नागमणि जोशी पर आधा दर्जन नामजद समेत आठ अज्ञात हमलावरों ने अचानक बेरहमी से प्रहार किया। इस भयानक हमले में अधिवक्ता के सिर पर गंभीर चोटें आई हैं, जिसके बाद उन्हें तुरंत रायबरेली जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी हालत पर डॉक्टरों की नजर बनी हुई है। घटना के बाद से पीड़ित अधिवक्ता और उनका परिवार भारी दहशत में है तथा उन्होंने पुलिस प्रशासन से अपनी जान-माल की सुरक्षा की गुहार लगाई है। वहीं, कोतवाली पुलिस ने नागमणि जोशी की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर मामले की गहराई से जांच शुरू कर दी है और आरोपियों की धरपकड़ के लिए दबिश दी जा रही है।