दिवाली से पहले राज्य कर विभाग का सबसे बड़ा धमाका! कुमाऊं में पटाखा माफियाओं पर कड़ा प्रहार, अधिकारियों की सूझबूझ से 90 लाख का राजस्व वसूल
अज़हर मलिक
काशीपुर/रुद्रपुर। रोशनी और उमंग के त्योहार दिवाली की आहट के बीच जहां बाजारों में आतिशबाजी की चकाचौंध से हर शहर जगमगा रहा है, वहीं राज्य कर विभाग ने कर चोरी का खेल खेलने वाले मुनाफाखोरों के होश उड़ा दिए हैं। त्योहारों के इस महापर्व में पटाखों की बेतहाशा बिक्री के आड़ में चल रहे काले कारोबार का भांडाफोड़ करते हुए कर विभाग की धाकड़ टीम ने वो कर दिखाया, जिसकी गूंज पूरे प्रदेश में सुनाई दे रही है। राज्य कर आयुक्त प्रतीक जैन के दूरदर्शी एवं सख्त निर्देशों के बाद विभाग के तेज-तर्रार अधिकारियों ने देहादून के बाद अब कुमाऊं मंडल के तीन प्रमुख व्यावसायिक केंद्रों—काशीपुर, रुद्रपुर और किच्छा—में एक साथ ऐसी सुनियोजित सर्जिकल स्ट्राइक की कि कर चोरों को संभलने का एक मौका तक नहीं मिला।
इस महा-अभियान की कमान अपर आयुक्त राकेश वर्मा की देखरेख में काशीपुर के संयुक्त आयुक्त (विशेष अनुसंधान शाखा) श्याम तिरुवा जैसे रणनीति विशेषज्ञ अधिकारी ने अपने कंधों पर संभाली। श्याम तिरुवा के कुशल नेतृत्व में गठित 5 बेहद चालाक और मुस्तैद टीमों ने एक साथ तीनों शहरों के प्रमुख पटाखा प्रतिष्ठानों पर धावा बोला। अधिकारियों की पैनी निगाहों और बिजली जैसी फुर्ती के आगे व्यापारियों के पसीने छूट गए। दुकानों और गोदामों में दाखिल होते ही अधिकारियों की जांबाज टीमों ने खरीद-बिक्री के खातों, गुप्त रजिस्टरों, भौतिक स्टॉक और कागजी दस्तावेजों के पन्ने दर पन्ने ऐसे खंगाले कि हर एक अनियमितता बेपर्दा होती चली गई।

अधिकारियों की इस बेजोड़ रणनीति और सख्त तेवरों का ही नतीजा रहा कि विभागीय टीमों ने मौके पर ही ₹90 लाख की भारी-भरकम राशि जमा कराकर सरकारी खजाने को ऐतिहासिक मजबूती प्रदान की। उपायुक्त (एसआइबी) मौ. इशाक खान के अद्भुत दिशा-निर्देशन और दूरदर्शिता में चले इस पूरे ऑपरेशन को सफलता के शिखर तक पहुंचाने में सहायक आयुक्त डॉ. रिंकू सिंह, संतोष सिंह, कविता पाठक, अमर सिंह, दीपक कुमार और अनिल चौहान की टीम की कार्यकुशलता और निष्ठा की जितनी तारीफ की जाए कम है।
इतना ही नहीं, इस पूरे मेगा-ऑपरेशन को अंजाम देने में मुकेश पांडे, विश्वजीत सिंह, निशा, आकांक्षा, धर्मेंद्र कुमार, सतीश पाल, अजय प्रकाश, सुभाष बंसल, प्रशांत कुमार, विनोद पंवार और कुशल रौतेला समेत करीब 20 अधिकारियों के समर्पित दस्ते ने दिन-रात एक कर दिया। राज्य कर विभाग के इन असली नायकों ने अपनी कार्यशैली से न केवल कर चोरी करने वालों में खौफ का माहौल बना दिया है, बल्कि यह भी साबित कर दिया है कि जब बात राज्य के राजस्व की सुरक्षा की हो, तो उनके आगे किसी की सांठगांठ नहीं चलने वाली। अधिकारियों का यह महा-अभियान पूरे इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है और विभागीय इतिहास में इस दिवाली धमाके को एक नजीर के रूप में देखा जा रहा है!

